चुनाव परिणाम 2025: एनडीए को ऐतिहासिक बहुमत
बिहार विधानसभा चुनाव 2025 के परिणाम अब पूरी तरह साफ हो चुके हैं। एनडीए गठबंधन ने ज़बरदस्त जीत के साथ इतिहास रच दिया है। इस बार के चुनावी नतीजों में एनडीए को 243 में से 200 से अधिक सीटों पर जीत हासिल हुई है। प्रमुख रूप से भाजपा और जेडीयू गठबंधन की बेहतर रणनीति, सुशासन और विकास के एजेंडे के कारण जनता ने उन्हें फिर से सत्ता सौंपी है। वहीं, विपक्षी महागठबंधन मात्र 40 के करीब सीटें ही हासिल कर सका, जो पिछले चुनाव के मुकाबले कहीं कम है।
बीजेपी बनी सबसे बड़ी पार्टी
बिहार चुनाव परिणाम 2025 के नतीजों में भाजपा ने रिकॉर्ड बनाते हुए राज्य में अपनी सबसे बड़ी जीत दर्ज की है। पार्टी को तकरीबन 90 सीटें मिली हैं जबकि नीतीश कुमार की जेडीयू को करीब 85 सीटें प्राप्त हुईं। चिराग पासवान की लोजपा-राम विलास (LJPRV) ने 19 और जीतन राम मांझी की हम (HAMS) को 5 सीटें मिलीं।
महागठबंधन का कमजोर प्रदर्शन
महागठबंधन जिसमें राजद, कांग्रेस और अन्य पार्टियां शामिल थीं, उन्हें करारी हार का सामना करना पड़ा। राजद को सिर्फ 25 सीटें, कांग्रेस को 6 सीटें और अन्य को 5-6 के आस-पास सीटें ही मिली हैं। यह परिणाम तेजस्वी यादव और महागठबंधन के लिए बड़ा झटका माना जा रहा है, क्योंकि पिछली बार से इनका प्रदर्शन काफी खराब रहा।
जन सुराज पार्टी व अन्य छोटे दल
चुनाव में प्रशांत किशोर की जन सुराज पार्टी, एआईएमआईएम, व अन्य छोटे दलों ने ताल ठोकी थी लेकिन इनके हिस्से गिनी-चुनी सीटें आईं। जन सुराज पार्टी को 2-3 सीटों पर ही सफलता मिली। छपरा जैसे चर्चित सीटों पर साधारण कार्यकर्ताओं ने बड़े-बड़े नामों को हराया।
प्रमुख विजेता और हारे उम्मीदवार
- बीजेपी के सम्राट चौधरी, विजय सिन्हा जैसी बड़ी हस्तियां विजयी रहीं।
- आरजेडी के तेजस्वी यादव ने राघोपुर से जीत दर्ज की लेकिन पार्टी के अन्य उम्मीदवारों का प्रदर्शन निराशाजनक रहा।
- कई चर्चित सेलेब्रिटी और पुराने विधायक चुनाव हार गए, जिससे चुनावी माहौल में कई बड़े उलटफेर हुए।
मतदान प्रतिशत और महिलाओं की सक्रियता
इस विधानसभा चुनाव में अभूतपूर्व मतदान देखने को मिला। कुल मतदान प्रतिशत लगभग 69% रहा, जिसमें महिलाओं की भागीदारी पुरुषों से तकरीबन 8% ज्यादा रही। यह भाजपा-जेडीयू के महिला मतदाताओं को आकर्षित करने वाले अभियानों के असर को दर्शाता है।
पीएम मोदी और नीतीश कुमार का संदेश
एनडीए की बड़ी जीत के बाद प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने इसे विकास, सुशासन और सामाजिक न्याय की जीत बताया। दोनों नेताओं ने बिहार के नागरिकों को धन्यवाद देते हुए भविष्य के लिए विकास, शिक्षा, महिला सशक्तिकरण और रोजगार को प्राथमिकता देने वाला रोडमैप साझा किया है।






