दिल्ली में लाल किले के पास हुआ जोरदार धमाका
राजधानी दिल्ली रेड फोर्ट ब्लास्ट ने पूरे देश को झकझोर कर रख दिया। सोमवार शाम करीब 6:50 बजे लाल किले के पास एक Hyundai i20 कार में भारी विस्फोट हुआ, जिससे इलाका दहल उठा। इस धमाके में अब तक 12 लोगों की मौत और 29 से अधिक घायल होने की पुष्टि हुई है। आसपास खड़ी कई गाड़ियां जलकर खाक हो गईं। यह इलाका हाई सिक्योरिटी जोन में होने के कारण घटना ने सुरक्षा व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं।
मृतकों और घायलों की स्थिति
अब तक प्राप्त जानकारी के अनुसार धमाके में 12 लोगों की जान चली गई है और 29 लोग गंभीर रूप से घायल हैं। सभी घायलों का इलाज एलएनजेपी अस्पताल में चल रहा है। मृतकों और घायलों में स्थानीय नागरिक भी शामिल हैं। प्रशासन ने सभी पीड़ित परिवारों की पहचान और सहायता के लिए टीम गठित की है।
धमाके की जांच और संदिग्धों की खोज
इस दिल्ली रेड फोर्ट धमाका की जांच दिल्ली पुलिस, एनआईए, एनएसजी और एफएसएल की टीमें मिलकर कर रही हैं। प्रारंभिक जांच में पता चला है कि विस्फोट आत्मघाती नहीं था। जांच में अमोनियम नाइट्रेट, फ्यूल ऑयल और डेटोनेटर के उपयोग की पुष्टि हुई है। वाहन हरियाणा के फरीदाबाद से खरीदा गया था, और संदिग्ध की पहचान डॉ. उमर मोहम्मद के रूप में की गई है।
दिल्ली में हाई अलर्ट और सुरक्षा कड़ी
धमाके के बाद दिल्ली में हाई अलर्ट घोषित किया गया है। एयरपोर्ट, रेलवे स्टेशन और सीमाओं पर सुरक्षा कड़ी कर दी गई है। रेड फोर्ट को 13 नवंबर तक आम पर्यटकों के लिए बंद कर दिया गया है। सुरक्षा एजेंसियां पूरे शहर में डॉग स्क्वाड्स के साथ सर्च ऑपरेशन चला रही हैं। देश के अन्य बड़े शहरों जैसे मुंबई, लखनऊ और हैदराबाद में भी सतर्कता बढ़ा दी गई है।
पीएम मोदी और गृह मंत्रालय की प्रतिक्रिया
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने घटना पर गहरा दुख व्यक्त किया और मृतकों के परिवारों को संवेदना दी। उन्होंने कहा कि “दोषियों को किसी भी कीमत पर छोड़ा नहीं जाएगा।” गृह मंत्री अमित शाह ने भी मौके का दौरा किया और जांच एजेंसियों को हर पहलू पर गहन जांच करने के निर्देश दिए। सरकार ने इसे राष्ट्रीय सुरक्षा पर सीधा हमला बताया है और कड़ी कार्रवाई का आश्वासन दिया है।
मुआवजा और राहत कार्य
दिल्ली सरकार ने मृतकों के परिवारों के लिए ₹10 लाख और घायलों के लिए ₹2 लाख की आर्थिक सहायता की घोषणा की है। राहत और बचाव कार्य लगातार जारी हैं। स्थानीय एनजीओ और रेड क्रॉस टीमें भी घायलों की मदद में लगी हैं।
राष्ट्रीय सुरक्षा के लिए बड़ा सबक
यह दिल्ली रेड फोर्ट ब्लास्ट 2025 देश की सुरक्षा व्यवस्था के लिए एक बड़ा सबक है। एजेंसियां इस घटना को लेकर पूरी सक्रियता से काम कर रही हैं ताकि भविष्य में ऐसी कोई भी चूक न हो। सरकार ने कहा है कि राष्ट्रीय सुरक्षा सर्वोच्च प्राथमिकता है और इस हमले के पीछे के नेटवर्क को जल्द उजागर किया जाएगा।






